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Friday, April 17, 2026, 1:34 am

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अनजान जिंदगी बचाने को आगे आए नरेंद्र सिंह भाणिया, किडनी दान की पेशकश ने पेश की मानवता की मिसाल

जोधपुर के व्हाट्सएप ग्रुप में एक मैसेज पढ़कर बिना किसी रिश्तेदारी के किया बड़ा निर्णय, लोगों ने सराहा जज्बा

राइजिंग भास्कर. जोधपुर

मानवता और सेवा भावना की एक प्रेरणादायक मिसाल जोधपुर में सामने आई है, जहां एक व्यक्ति ने बिना किसी व्यक्तिगत पहचान या रिश्तेदारी के एक जरूरतमंद की जान बचाने के लिए अपनी किडनी दान करने की पेशकश कर दी। यह सराहनीय कदम नरेंद्र सिंह भाणिया द्वारा उठाया गया है, जिनकी इस पहल की हर ओर प्रशंसा हो रही है।

जानकारी के अनुसार, जोधपुर के एक चिकित्सक ग्रुप में एडमिन राजेंद्र सिंह राठौड़ द्वारा एक मैसेज साझा किया गया। इस मैसेज में बताया गया कि राजस्थान पत्रिका के पत्रकार महेंद्र सिंह उदावत के माध्यम से 27 वर्षीय सीमा कंवर की दोनों किडनी खराब होने की जानकारी सामने आई है और उसके इलाज के लिए सुझाव मांगे गए हैं।

इसी मैसेज को पढ़ने के बाद नरेंद्र सिंह भाणिया ने उसी ग्रुप में जवाब देते हुए लिखा कि उनकी दोनों किडनी स्वस्थ हैं और वे सीमा कंवर को अपनी एक किडनी दान करने के लिए तैयार हैं, यदि जरूरत हो तो। खास बात यह है कि भाणिया और सीमा कंवर के बीच न कोई जान-पहचान है और न ही कोई पारिवारिक संबंध।

यह कदम इसलिए और भी महत्वपूर्ण हो जाता है क्योंकि आज के समय में लोग अपने परिचितों के लिए भी इस प्रकार का बड़ा निर्णय लेने से हिचकिचाते हैं। ऐसे में किसी अनजान व्यक्ति के लिए किडनी दान की इच्छा जताना समाज के लिए एक मजबूत संदेश है।

नरेंद्र सिंह भाणिया पहले भी कई बार रक्तदान कर चुके हैं और समाज सेवा के कार्यों में सक्रिय भूमिका निभाते रहे हैं। उनके इस साहसिक और मानवीय कदम ने यह साबित कर दिया कि समाज में आज भी ऐसे लोग मौजूद हैं जो निस्वार्थ भाव से दूसरों की मदद के लिए हमेशा तैयार रहते हैं।

विशेषज्ञों का मानना है कि यदि समाज में इस तरह की सोच और जागरूकता बढ़े, तो कई जरूरतमंद मरीजों को समय पर जीवनदान मिल सकता है। किडनी दान जैसे मामलों में सबसे बड़ी चुनौती डोनर की उपलब्धता होती है, जिसे ऐसे उदाहरण काफी हद तक आसान बना सकते हैं। नरेंद्र सिंह भाणिया की इस पहल पर ग्रुप के सदस्यों और अन्य लोगों ने भी उनकी खुलकर सराहना की है। लोगों का कहना है कि ऐसे कार्यों को प्रोत्साहित किया जाना चाहिए, ताकि दूसरों को भी प्रेरणा मिल सके और अधिक से अधिक लोग आगे आकर जरूरतमंदों की मदद करें। यह घटना न केवल मानवता की एक मिसाल है, बल्कि समाज में सकारात्मक सोच और सहयोग की भावना को भी मजबूत करने का कार्य करती है।

Dilip Purohit
Author: Dilip Purohit

Group Editor