कल होगा कॉलेज विद्यार्थी का आइडिया पिचिंग कॉम्पटीशन।
दिलीप कुमार पुरोहित. जोधपुर
शहर के रामलीला मैदान में आयोजित पश्चिमी राजस्थान उद्योग हस्तशिल्प उत्सव 2026 के अंतर्गत इस वर्ष बच्चों में उद्यमशील सोच को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से ‘बिज़ किड्स’ प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। प्रतियोगिता में 15 से अधिक स्कूलों की टीमों ने भाग लेते हुए अपने नवाचार, बिजनेस मॉडल्स और स्टार्टअप आइडियाज़ का प्रभावशाली प्रदर्शन किया।
प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने जिस आत्मविश्वास, स्पष्टता और समझ के साथ अपने आइडियाज़ प्रस्तुत किए, वह सभी दर्शकों और निवेशकों के लिए प्रेरणादायी रहा। बच्चों ने न केवल अपने मॉडल्स का प्रदर्शन किया, बल्कि उद्योग जगत से जुड़े विशेषज्ञों से स्टार्टअप और व्यवसाय से जुड़ी बारीकियाँ भी सीखी।
शार्क टैंक की तर्ज पर आयोजित इस प्रतियोगिता में निवेशकों द्वारा लाइव पिचिंग के माध्यम से टीमों को इन्वेस्टमेंट ग्रांट प्रदान की गई। लघु उद्योग भारती की ओर से कुल 30 हजार रुपये से अधिक की ग्रांट राशि बच्चों की टीमों को वितरित की गई।
लघु उद्योग भारती के निवर्तमान राष्ट्रीय अध्यक्ष ने सभी प्रतिभागियों का हौसला बढ़ाया लघु उद्योग भारती की और से प्रतिभागियों के लिए विशेष मेंटरशिप के लिए भी सुझाव दिए।
लघु उद्योग भारती के प्रदेश उपाध्यक्ष एवं मुख्य समन्वयक महावीर चोपड़ा ने कहा कि हस्तशिल्प उत्सव हर वर्ष नवाचार को बढ़ावा देता रहा है और इस बार बच्चों को अपने विचार प्रस्तुत करने का मंच देकर भविष्य के उद्यमियों को प्रोत्साहित किया गया है। उन्होंने कहा कि बच्चों का प्रदर्शन उम्मीदों से कहीं बेहतर रहा। वहीं सह-समन्वयक एवं प्रांत सह महामंत्री सुरेश विश्नोई ने कहा कि स्टार्टअप भारत का भविष्य हैं और इसी सोच के साथ यह अभिनव पहल की गई है।
कार्यक्रम के दौरान अतिथियों का सम्मान लघु उद्योग भारती के प्रांत उपाध्यक्ष हरीश लोहिया एवं अन्य पदाधिकारियों द्वारा किया गया।
कार्यक्रम समन्वयक एवं स्किलोनशन किड्स के संस्थापक राघव शर्मा ने बच्चों के साथ ‘आर्ट ऑफ क्वेश्चनिंग’ सत्र के माध्यम से प्रश्न पूछने की कला, भारतीय विज्ञान में समस्या समाधान कौशल और स्टार्टअप सोच जैसे विषयों पर रोचक गतिविधियों के जरिए प्रकाश डाला। उन्होंने बच्चों को व्यवसाय की बारीकियाँ समझाते हुए सरकार द्वारा मिलने वाले सहयोग और अवसरों की भी जानकारी दी।
प्रतियोगिता में निर्णायक एवं शार्क की भूमिका टॉयनिक के संस्थापक निखिल गहलोत, सीए पंकज बाहेती, उद्योगपति प्रेम जाखड़ और एडुमैसी के संस्थापक विवेक साहू ने निभाई। उन्होंने विभिन्न स्कूलों की टीमों से प्रश्न पूछे, उनके आइडिया सुने और कठिन मूल्यांकन प्रक्रिया के बाद चार विशेष टाइटल प्रदान किए—
मोस्ट इन्वेस्टेबल आइडिया, मोस्ट सेलएबल आइडिया, मोस्ट इनोवेटिव आइडिया और किड प्रेन्योर ऑफ द डे।
इसके साथ ही स्नेहा सिंघवी ने “सेल मी दिस पेन” गतिविधि के माध्यम से बच्चों को प्रेजेंटेशन और कम्युनिकेशन स्किल्स पर प्रशिक्षण दिया।
प्रतियोगिता में बच्चों ने गेमर्स ऑक्शन, एयरो मॉडलिंग, स्मार्ट इरिगेशन, सोलर एनर्जी, हैंडमेड प्रोडक्ट्स जैसे विषयों पर आधारित आइडियाज़ प्रस्तुत कर अपनी रचनात्मकता और मेहनत का परिचय दिया।
कार्यक्रम में विद्या आश्रम, आर्मी पब्लिक स्कूल, महावीर पब्लिक स्कूल, एमजीजीएस चैनपुरा, डीपीएस सहित अन्य विद्यालयों के विद्यार्थियों ने सहभागिता की।
कार्यक्रम के सफल संचालन में चिराग, केशव, श्रेया, आदित्य, हेया एवं अन्य सहयोगियों का महत्वपूर्ण योगदान रहा। उन्होंने बताया कि कल कॉलेज विद्यार्थी हेतु आइडिया पिचिंग, Pitch-A-thon आयोजित किया जाएगा।












