Explore

Search

Sunday, August 23, 2026, 11:26 pm

Sunday, August 23, 2026, 11:26 pm

LATEST NEWS
[wonderplugin_slider id=1]
Lifestyle

प्रेस को आजादी से काम नहीं करने देना लोकतंत्र पर हमला : कोर्ट

नई दिल्ली। दिल्ली की तीस हजारी कोर्ट ने कहा है कि प्रेस लोकतंत्र का चौथा स्तंभ है। यदि प्रेस को स्वतंत्र रूप से काम नहीं करने दिया जाए तो ये लोकतंत्र की नींव पर हमला है। एडिशनल सेशन जज (एएसजे) पवन सिंह राजावत ने फैसले में लिखा है कि अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता की रक्षा होनी चाहिए। जज राजावत ने दिल्ली पुलिस को न्यूट पोर्टल द वायर के संपादकों के जब्त फोन-लैपटॉप जैसे इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस लौटाने के आदेश दिए हैं।

भाजपा नेता अमित मालवीय की एफआईआर पर पुलिस ने गत अक्टूबर में वायर के संपादकों के इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस जब्त किए थे। चीफ इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस जब्त किए थे। चीफ मेट्रोपॉलिटन मजिस्ट्रेट (सीएमएम) ने 23 सितंबर को डिवाइस लौटाने के आदेश दिए थे। दिल्ली पुलिस ने इस आदेश के खिलाफ एएसजे राजावत की कोर्ट में अर्जी लगाई थी। एडिशन सेन जज राजावत ने आदेश में कहा कि डिवाइस जब्त करने से संपादकों को काम में दिक्कतें आ रही है। दिल्ली पुलिस की ये जब्ती मूलभूत अधिकारों के खिलाफ भी है। यह न केवल अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के खिलाफ है, बल्कि व्यवसाय करने की आजादी के भी खिलाफ है।

Dilip Purohit
Author: Dilip Purohit

Group Editor