मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा, केंद्रीय संस्कृति और पर्यटन मंत्री गजेंद्रसिंह शेखावत तथा ओसियां विधायक भैराराम चौधरी सियोल ने धोरा धरती की धूल में बसे शौर्य को नमन किया
फोटो स्टोरी : दिलीप कुमार पुरोहित. शिव वर्मा
राजस्थान के तीन शेर। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा। केंद्रीय संस्कृति और पर्यटन मंत्री गजेंद्रसिंह शेखावत और ओसियां विधायक भैराराम चौधरी (सियोल)। शनिवार को धोरा धरती धन-धन हो गई जब इन तीनों शेरों ने शूरवीरों की धरती शेरगढ़ पर कदम रखा। गौरतलब है कि शेरगढ़ ने सबसे ज्यादा सेना के जवान और अफसर दिए हैं और यहीं की धरती को गौरव प्राप्त है कि शहादत में भी अव्वल रही है। ऐसी धन्य धरा शेरगढ़ पर जब तीनों शेरों ने ऊंट की सवारी की और जनता के बीच उनका काफिला गुजरा तो हर किसी का उन्होंने अभिवादन स्वीकारा। शर्मा, शेखावत और सियोल ने ऊंट की सवारी करने के साथ ही मरुधरा की सांस्कृतिक परंपराओं का दिल से सम्मान किया। रेत के धोरों पर तीनों का यह सरल और आत्मीय अंदाज जन-जन को छू गया।
संदेश : ऊंट जीवट के प्रतीक, वैसे ही यहां के लोग साहसी और मेहनती
तीनों नेताओं का ऊंट पर सवारी करने का उद्देश्य खास था। वे संदेश देना चाहते थे कि लू और गर्मी के थपेड़े खाती रेतीली धरती पर जिस तरह ऊंट जीवटता का प्रतीक होते हैं वैसे ही यहां के लोग साहसी और मेहनती है। ऐसी रेतीली भूमि पर रहने वाले लोगों के बीच ऊंट पर भ्रमण कर इन नेताओं ने लोगों से संवाद किया और उनके हालचाल पूछे।
सियासी मायने : गहलोत के कयासों पर विराम
पिछले दिनों पूर्व मुख्यमंत्री ने जोधपुर की धरती पर बयान दिया था कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा को हटाने की षड़यंत्र चल रहा है। इसके बाद गहलोत चले गए और तुरंत बाद जोधपुर के करीब भजनलाल शर्मा का आना और साथ में केंद्रीय मंत्री गजेंद्रसिंह शेखावत का उनके साथ होना, यह केंद्र सरकार की ओर से संकेत माना जा रहा है कि भजनलाल शर्मा की कुर्सी को फिलहाल कोई खतरा नहीं हैं।




