दिलीप कुमार पुरोहित. बालेसर
कभी कभी चमत्कार भी होते हैं. दिलीप कुमार पुरोहित अपनी माताजी को देखने जैसलमेर जा रहे थे. बॉम्बे मोटर से बस में बैठे तो चलती बस में पता चला मोबाइल चोरी हो गया हैं. मगर चमत्कार तो तब हो गया जब बालेसर में मोबाइल जेब में ही मिला. जिस मोबाइल के लिए वो परेशान हो रहे थे भगवान ने चमत्कार से उनकी जेब में पहुंचा दिया.



