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Sunday, August 23, 2026, 6:32 am

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Lifestyle

आज का युवा और जंक फूड: स्वाद की लत और सेहत का संकट

लेखक : शिव सिंह

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​आज के दौर में यदि हम किसी भी शहर के बाजार या कॉलेज के बाहर नजर डालें, तो सबसे ज्यादा भीड़ फास्ट फूड स्टॉल्स पर दिखाई देती है। पिज्जा, बर्गर, मोमोज, चाउमीन और पैकेट बंद चिप्स आज के युवाओं की पहली पसंद बन चुके हैं। लेकिन यह ‘जीभ का स्वाद’ धीरे-धीरे युवाओं के भविष्य को खोखला कर रहा है।

​युवाओं में जंक फूड के प्रति आकर्षण के कारण ​आधुनिक जीवनशैली: पढ़ाई और काम के बढ़ते दबाव के कारण युवाओं के पास समय की कमी है। ऐसे में ‘रेडी-टू-ईट’ और ‘इंस्टेंट’ फूड एक आसान विकल्प लगता है।

​दिखावा और सोशल मीडिया: आज ‘फूडी’ होना एक ट्रेंड बन गया है। कैफे में जाकर जंक फूड की तस्वीरें सोशल मीडिया पर डालना युवाओं के लिए स्टेटस सिंबल बन चुका है। ​लुभावने विज्ञापन: कंपनियां अपने विज्ञापनों में जंक फूड को खुशी और दोस्ती से जोड़कर दिखाती हैं, जिससे युवा आसानी से इनकी ओर खिंचे चले आते हैं।

जंक फूड का युवाओं पर पड़ता दुष्प्रभाव

जंक फूड का असर केवल वजन बढ़ने तक सीमित नहीं है, इसके परिणाम बहुत गहरे हैं:

* ​एकाग्रता में कमी (Lack of Concentration): जंक फूड में मौजूद अत्यधिक शुगर और वसा मस्तिष्क की कार्यक्षमता को प्रभावित करते हैं, जिससे पढ़ाई या काम में ध्यान केंद्रित करना मुश्किल हो जाता है।

* ​कम उम्र में बीमारियां: पहले जो बीमारियां (जैसे बीपी, शुगर और थायराइड) 40-50 की उम्र में होती थीं, वे अब 20 साल के युवाओं में देखी जा रही हैं।

* ​हार्मोनल असंतुलन: विशेष रूप से किशोरों में जंक फूड के कारण हार्मोनल बदलाव होते हैं, जिससे त्वचा की समस्याएं (मुंहासे) और मानसिक तनाव बढ़ता है।

* ​शारीरिक कमजोरी: जंक फूड पेट तो भर देता है लेकिन शरीर को जरूरी प्रोटीन, विटामिन और आयरन नहीं देता, जिससे शरीर अंदर से कमजोर होने लगता है।

​बदलाव की आवश्यकता: कैसे बचें?

​युवाओं को अपनी ऊर्जा को सही दिशा मेयुवाओं को अपनी ऊर्जा को सही दिशा में लगाने के लिए स्वस्थ शरीर की आवश्यकता है। यहाँ कुछ आसान उपाय दिए गए हैं:

* ​विकल्प चुनें: यदि आपको बाहर खाना ही है, तो तली-भुनी चीजों के बजाय स्प्राउट्स या ताजे फलों का चुनाव करें।

* ​पानी का अधिक सेवन: कोल्ड ड्रिंक की जगह नींबू पानी, नारियल पानी या छाछ का सेवन करें।

* ​घर का खाना: सप्ताह में कम से कम 6 दिन घर का बना सात्विक भोजन करने का नियम बनाएं।

* ​सक्रिय रहें: जंक फूड से मिलने वाली अतिरिक्त कैलोरी को बर्न करने के लिए नियमित व्यायाम या खेलकूद को जीवन का हिस्सा बनाएं।

​युवा किसी भी देश का भविष्य होते हैं। यदि देश का भविष्य जंक फूड के कारण बीमारियों की चपेट में रहेगा, तो प्रगति की राह कठिन हो जाएगी। समय आ गया है कि हम ‘जीभ के स्वाद’ से ऊपर उठकर ‘सेहत के स्वाद’ को प्राथमिकता दें।

Dilip Purohit
Author: Dilip Purohit

Group Editor