Explore

Search

Thursday, July 9, 2026, 12:49 am

Thursday, July 9, 2026, 12:49 am

LATEST NEWS

The specified slider does not exist.

Lifestyle

हज़रत इमाम हुसैन और अहले बैत की शान में तरही बज़्मे-मुसालमा कामयाबी से सम्पन्न हुआ

नगर के एक दर्जन से अधिक शाइरों ने अपने कलाम से हज़रत इमाम हुसैन की शहादत को याद किया

दिलीप कुमार पुरोहित. बीकानेर

नज़ीर ग़ौरी उर्दू अकादमी और अदब सराय,बीकानेर की जानिब से हज़रत इमाम हुसैन और अहले बैत की शान में एक तरही बज़्मे मुसालमा का आयोजन मोहर्रम के मौक़े पर रखा गया ।

नज़ीर ग़ौरी उर्दू अकादमी के संस्थापक वरिष्ठ शाइर वली मोहम्मद ग़ौरी ने बताया कि मुफ़्ती अशफ़ाक़ ग़ौरी रज़वी ‘उफ़क़’ की अध्यक्षता में सिटी कोतवाली के सामने नज़ीर ग़ौरी मार्केट स्थित नज़ीर ग़ौरी सभागार में तरही बज़्मे मुसालमा कामयाबी से सम्पन्न हुआ। जिसमें नगर के 14 वरिष्ठ एवं युवा शाइरों ने अपने तरही कलाम के प्रस्तुतीकरण से हज़रत इमाम हुसैन की शहादत को याद किया।

अदब सराय,बीकानेर के संस्थापक वरिष्ठ शाइर क़ासिम बीकानेरी ने बताया कि इस तरही बज़्मे मुसालमा का मिसर-ए-तरह -‘कर्बला में है अजब महशर का मंज़र देखिये’ तय किया गया था। इस तरही बज़्मे मुसालमा में नगर के वरिष्ठ व युवा शाइरों वली मोहम्मद ग़ौरी, क़ासिम बीकानेरी सागर सिद्दीक़ी, इरशाद अज़ीज़, रमज़ान ‘राजजामी’, मोईनुद्दीन ‘मुईन’, अब्दुल जब्बार जज्बी रहमान बादशाह अमर जुनूनी, बरकात वारसी,महबूब देशनोकवी, साबिर बेकस, मोहम्मद ज़फ़र ने अपना उम्दा कलाम पेश करके हज़रत इमाम हुसैन और अहले बैत की शान में अपनी अक़ीदत-ओ-मोहब्बत का नज़राना पेश किया।

मुशायरा के प्रारंभ में तिलावते कलाम पाक हाफ़िज़ सय्यद ज़िया मोहम्मद बीकानेरी ने की। सागर सिद्दीकी नितेश की जबकि नात शरीफ ना’तख़ां रमज़ान साहब ने पेश की। श्रोताओं के तौर पर मोहम्मद शाकिर व मोहम्मद अली मुगल सहित अनेक लोग मौजूद थे

प्रारंभ में सभी का स्वागत अदब सराय के संस्थापक क़ासिम बीकानेरी ने किया जबकि नज़ीर ग़ौरी उर्दू अकादमी के संस्थापक वली मोहम्मद ग़ौरी ने सभी अतिथियों एवं आगंतुको का धन्यवाद ज्ञापित किया। मुशाएरे की बेहतरीन निज़ामत वरिष्ठ शायर इरशाद अज़ीज़ ने की।

 

Dilip Purohit
Author: Dilip Purohit

Group Editor