पंकज जांगिड़. जोधपुर
फिल्म जगत में दर्द भरे नगमों के बेताज बादशाह पार्श्व गायक मुकेश की 50वीं पुण्यतिथि पर उनके चहेते 75 वर्षीय जोधपुर के सदाबहार गायक चन्द्रसिंंह गहलोत, जो कि रेलवे से सेवानिवृत्त है और पिछले 60 सालो से संगीत क्षेत्र में अपनी मखमली आवाज से गायन द्वारा शहर में अनूठी पहचान बनाई हुई है और चंदुमामा व चंद्रसिंहमामा नाम से विख्यात है।
उन्होंने पार्श्व गायक मुकेश के तस्वीर पर माल्यार्पण व दीप प्रज्वलन के बाद उनके द्वारा गाए सदाबहार गीत “जाने चले जाते है कहां और तोबा ये मतवाली चाल” गीत की प्रस्तुति देकर स्वरांजली स्वरुप भावभीनी श्रद्धांजली दी। उन्होंने बताया कि वह बेहद संवेदनशील इंसान थे। दूसरों के दर्द को अपना समझकर उसे दूर करने का प्रयास करते थे।

