Explore

Search

Thursday, July 9, 2026, 11:46 pm

Thursday, July 9, 2026, 11:46 pm

LATEST NEWS

The specified slider does not exist.

Lifestyle

964 लोगों के लिए उगा सोने का सूरज… बने एन इंडियन, सर्टिफिकेट मिले

नागरिकता प्रमाण पत्र पाकर छलक पड़ी आँखें, मिला नाम और सम्मान

सिर्फ नागरिकता नहीं आपकी नई पहचान, नई जिम्मेदारी है भारतीय होना –  मल्लिक

संविधान के अधिकारों के साथ निभाएं कर्त्तव्य भी: जिला कलक्टर

शिव वर्मा. जोधपुर 

जनगणना कार्य निदेशालय, राजस्थान के निदेशक विष्णु चरण मल्लिक ने अपने दो दिवसीय दौरे के दौरान गुरुवार को डॉ. एस.एन. मेडिकल कॉलेज, जोधपुर के सभागार में आयोजित नागरिकता प्रमाण-पत्र वितरण शिविर में 964 पाक विस्थापितों को भारतीय नागरिकता के प्रमाण पत्र सौंपे।

जैसे ही नागरिकता प्रमाण पत्र हाथों में आया, दशकों पुराना इंतज़ार आँखों से बह निकला। चेहरे पर संतोष और हृदय में भारत माता से जुड़ाव की अनुभूति स्पष्ट झलक रही थी। विस्थापन की पीड़ा अब भारतीय नागरिक होने के गर्व में परिवर्तित हो गई।

ये केवल काग़ज़ नहीं, आपकी नई पहचान है

मल्लिक ने इस ऐतिहासिक क्षण को विस्थापितों के संघर्ष, धैर्य और उम्मीद की जीत बताते हुए सभी नव-नागरिकों को बधाई दी और कहा कि “आज आपने केवल काग़ज़ नहीं, बल्कि अपनी पहचान पाई है।”

कर्त्तव्यों के साथ बने राष्ट्र निर्माण के सहभागी

जिला कलक्टर  गौरव अग्रवाल ने उपस्थित लाभार्थियों को संबोधित करते हुए कहा, “आज आपकी भारतीय नागरिकता की औपचारिक शुरुआत है। केंद्र और राज्य सरकारें आपके कल्याण के लिए निरंतर कार्यरत हैं। ये 964 प्रमाण पत्र केवल संख्या नहीं, बल्कि 964 संघर्ष और साहस की कहानियाँ हैं।” उन्होंने संविधान प्रदत्त अधिकारों के साथ-साथ नागरिक कर्तव्यों के निर्वहन की भावना को आत्मसात करने का आग्रह किया।

दो दिवसीय शिविर में जारी रहेगा नागरिकता का यह पावन क्रम

अतिरिक्त जिला कलक्टर (शहर प्रथम) श्री उदय भानु चारण ने जानकारी दी कि यह दो दिवसीय नागरिकता प्रमाण पत्र वितरण शिविर शनिवार को प्रातः 9 बजे से सायं 6 बजे तक जारी रहेगा। उन्होंने बताया कि गुरुवार को कुल 964 पाक विस्थापितों को नागरिकता प्रमाण पत्र प्रदान किए गए हैं। उल्लेखनीय है कि यह शिविर केंद्र और राज्य सरकारों की मानवीय संवेदना और दूरदर्शी सोच का प्रत्यक्ष उदाहरण है, जहाँ वर्षों के संघर्ष को सम्मान और स्थायित्व की सौगात मिली है।

 

Dilip Purohit
Author: Dilip Purohit

Group Editor