हरे कृष्णा मूवमेंट : अन्न प्रसादी पर सबका अधिकार
हरे कृष्णा मूवमेंट के एसोसिएट वाइस प्रेसिडेंट भक्तावर दास जी ने बताया कि हरे कृष्ण आंदोलन की सहयोगी संस्था अक्षय पात्र फाउंडेशन द्वारा जोधपुर में सरकारी स्कूलों में 15 हजार बच्चों को भोजन वितरित किया जा रहा है। पूरे भारत में 25 लाख बच्चों को प्रतिदिन भोजन वितरित किया जाता है…।
मथुरादास माथुर अस्पताल में नौ दिन 108 कन्याओं को भोजन प्रसादी ग्रहण करवाई जाएगी। प्रतिदिन 500 मरीजों और परिजनों को भोजन ग्रहण करवाया जााएगा। इसकी संख्या धीरे-धीरे बढ़ाई जा सकती है।
दिलीप कुमार पुरोहित. जोधपुर
9783414079 diliprakhai@gmail.com
भूख पर कई कविताएं बनीं होगी। भूख पर कई कहानियां बनीं होंगी। पेट भरने के लिए आदमी क्या नहीं करता? मगर ऐसे भी सेवाभावी लोग है जो अन्नदान का महत्व समझते हैं। बात अन्नदान के साथ अस्पतालों की करें तो अस्पतालों में आने वाले मरीजों और उनके परिजनों को भोजन की सबसे बड़ी परेशानी होती है। कई बार बाहर का खाना मरीजों के लिए काम का नहीं होता है। परिजन भी अच्छे, गुणवत्तापूर्ण और स्वादिष्ट भोजन की तलाश में रहते हैं। अब यह समस्या शहर में दूर हो गई है। संभाग के सबसे बड़े मथुरादास माथुर अस्पताल में हरे कृष्णा मारवाड़ मंदिर, हरे कृष्णा मूवमेंट जोधपुर की ओर से “हरे कृष्ण भोजनामृत” का उद्घाटन किया गया। इसके तहत अस्पताल में भर्ती रोगियों और उनके परिजनों को निःशुल्क पौष्टिक प्रसाद (भोजन) उपलब्ध करवाया जाएगा।
हरे कृष्णा मूवमेंट के एसोसिएट वाइस प्रेसिडेंट श्री भक्तावतार दास जी ने बताया कि अन्नदान कार्यक्रम के माध्यम से प्रतिदिन 500 लोगों को भोजन वितरित किया जाएगा, जिसे आगे चरणबद्ध रूप से बढ़ाया जाएगा।
दिव्य मिशन की भावना से काम कर रहा है हरे कृष्णा मूवमेंट : भक्तावर दास जी
भक्तावर दास जी ने बताया कि हरे कृष्ण आंदोलन के द्वारा भारत के और भी राज्यों में भोजन वितरित किया जाता है। एमडीएम अस्पताल में यह कार्यक्रम आज से शुरू हुआ है। यह कार्यक्रम हमेशा चलता रहेगा और नवरात्रि के इस शुभ अवसर पर 108 पाक विस्थापित कन्याओं को 9 दिन तक भोजन भी कराया जाएगा। हरे कृष्ण मारवाड़ मंदिर भगवद गीता का प्रचार, सांस्कृतिक गतिविधियों और समाजसेवा के विविध माध्यमों से समाज उत्थान के इस दिव्य मिशन को भी आगे बढ़ा रहा है। हरे कृष्ण आंदोलन के सहयोगी संस्था अक्षय पात्र फाउंडेशन द्वारा प्रतिदिन जोधपुर में सरकारी स्कूलों में 15 हजार बच्चों को भोजन वितरित किया जाता है और पूरे भारत में लगभाग 25 लाख बच्चों को प्रतिदिन भोजन वितरित किया जाता है।
आर्थिक तंगी, कठिनाइयों से ग्रस्त मरीजों-परिजनों को होगा फायदा
भक्तावतार दास जी ने यह भी बताया कि एमडीएम अस्पताल में बड़ी संख्या में ग्रामीण और दूर-दराज़ से आने वाले मरीजों के परिजन आर्थिक तंगी और अन्य कठिनाइयों का सामना करते हैं। ऐसे में अन्नदान सेवा उन्हें संबल प्रदान करेगी।
हरे कृष्णा मूवमेंट और अक्षय पात्र का प्रयास सराहनीय : डॉ. बीएस जोधा
डॉ. संपूर्णानानंद मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. बीएस जोधा ने कहा कि मथुरादास माथुर अस्पताल में हरे कृष्णा मूवमेंट और अक्षय पात्र फाउंडेशन की यह पहल मरीजों और उनके परिजनों के लिए उपयोगी सिद्ध होगी। यह प्रयास सराहनीय है।
अब रोगियों को भी मिलेगा घर जैसा खाना : डॉ. विकास राजपुरोहित
मथुरादास माथुर अस्पताल के अधीक्षक डॉ. विकास राजपुरोहित ने कहा कि अब रोगियों को भी घर जैसा भोजन मिल सकेगा। परिजनों को सबसे बड़ी समस्या भोजन की आती है। इसका अब समाधान हो गया है।
दानदाताओं का सहयोग अहम : निखिलात्म जगन्नाथ दास
हरे कृष्णा मूवमेंट के मिशनरी निखिलात्म जगन्नाथ दास ने कहा कि मथुरादास माथुर अस्पताल में रोगियों और परिजनों के लिए निशुल्क भोजन प्रसादी शुरू करते हुए हमें प्रसन्नता हो रही है। दानदाताओं के सहयोग से हमने शुरुआत की है। भामाशाहों से यही अपेक्षा रहेगी कि आगे भी सहयोग के लिए आगे आएं।
परेशानी आए तो भगवान का मोबाइल नंबर याद रखें- हरे कृष्णा हरे राम : सुरेश राठी
शहर के प्रतिष्ठित बिजनेसमैन और वरिष्ठ समाजसेवी श्री सुरेश राठी ने कहा कि कन्याएं शक्ति का स्वरूप होती है। कन्याओं को समस्याओं से घबराना नहीं चाहिए। कभी भी कोई संकट या परेशानी आए तो भगवान का मोबाइल नंबर याद रखना चाहिए। भगवान का मोबाइल नंबर है- हरे कृष्णा हरे राम…अगर इस नंबर का स्मरण करेंगे तो संकट और परेशानियां स्वत: दूर हो जाएंगी।
इनकी रही भागीदारी :
कार्यक्रम में एचजी इंफ्रा इंजीनियरिंग लिमिटेड के डायरेक्टर होडल सिंह, विशिष्ट अतिथि डॉ. मीनाक्षी सोनी, डॉ. जेपी सोनी, गौरव जैन, झूमर सांखला, प्रदीप भंडारी, सुमेर सिंह, बाली सिंह उपस्थित रहे। आयोजकों ने अपील की है कि “छोटी से छोटी सहायता भी बड़ा सहारा बन सकती है”, इसलिए हर कोई इस पुनीत कार्य में योगदान दे। इस पहल से जोधपुर में सामाजिक सहयोग और मानवीय मूल्यों को नई दिशा मिलने की उम्मीद हैं।
Author: Dilip Purohit
Group Editor














