केडी इसरानी. स्वतंत्र पत्रकार. जोधपुर
जोधपुर। एकबार फिर राजस्थान में मौसम का मिजाज बदल गया है। जैसे ही पश्चिमी विक्षोभ का असर खत्म हुआ, प्रदेश में बर्फीली उत्तरी हवाओं ने दस्तक दे दी है। इसके साथ ही मरुधरा में सर्दी का दूसरा दौर शुरू हो गया है, जिसने ठिठुरन बढ़ा दी है।
नागौर रहा सबसे ठंडा
मंगलवार को जयपुर, सीकर और चूरू समेत कई शहरों में कड़ाके की ठंड महसूस की गई। उत्तरी हवाओं के असर से न्यूनतम तापमान में 4 डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट दर्ज की गई है। शेखावाटी के इलाकों में तो पारा % सिंगल डिजिट में सिमट गया है। कल प्रदेश में सबसे ठंडा इलाका नागौर रहा, जहां न्यूनतम तापमान महज 5.5 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। वहीं, सौकर, पाली और फतेहपुर में भी पारा 5 से 6 डिग्री के बीच झूल रहा है।
बादल, कोहरा और कमजोर धूप
पिछले 24 घंटों में जोधपुर, बीकानेर और श्रीगंगानगर समेत उत्तर-पश्चिमी जिलों में आसमान में बादलों की आवाजाही बनी रही। जयपुर, कोटा और भरतपुर संभाग में सुबह के समय हल्की धुंध और कोहरे ने विजिबिलिटी कम कर दी। धूप कमजोर होने के कारण दिन के तापमान में भी भारी गिरावट आई है। राजधानी जयपुर में अधिकतम तापमान 24.3 डिग्री सेल्सियस रहा, जिससे दिन में भी लोगों को स्वेटर का सहारा लेना पड़ा।
आगे क्या है मौसम का हाल ?
जयपुर मौसम केंद्र के निदेशक राधेश्याम शर्मा के अनुसार, अगले दो-तीन दिनों तक मौसम मुख्य रूप से साफ रहेगा, लेकिन उत्तरी राजस्थान के कुछ हिस्सों में घना कोहरा छाने की संभावना है। सर्द हवाओं के कारण सुबह और शाम की सर्दी अभी और सताएगी। हालांकि, तापमान में अब किसी बड़े उतार-चढ़ाव की संभावना कम है, लेकिन ठिठुरन फिलहाल बरकरार रहेगी।







