राखी पुरोहित. जोधपुर
भारत विकास परिषद, जोधपुर मुख्य शाखा द्वारा पर्यावरण संरक्षण एवं जल संरक्षण अभियान के अंतर्गत सूरजबासनी, जाजीवाल विश्नोईया, जाजीवाल धोरा एवं चोटियों की ढाणी गांवों में जल संरक्षण एवं जीव सेवा का कार्य किया गया।
प्रकल्प प्रभारी दिनेश शर्मा ने बताया कि क्षेत्र में लगातार बढ़ती गर्मी एवं वर्षा के अभाव के कारण जल संकट गहराता जा रहा है। विशेष रूप से पशु-पक्षियों एवं गोवंश को पानी के लिए दूर-दूर भटकना पड़ रहा है। इसी को ध्यान में रखते हुए परिषद द्वारा जरूरतमंद गांवों में पानी के टैंकर डलवाने एवं पारंपरिक जल स्रोतों की साफ-सफाई का कार्य किया जा रहा है, ताकि जीवों को राहत मिल सके।
अभियान के तहत खेलियों एवं कुंडियों की साफ-सफाई करवाई गई तथा गोवंश एवं अन्य पशुओं के लिए 5 पानी के टैंकर डलवाकर जल व्यवस्था सुनिश्चित की गई। इस सेवा कार्य में प्रो. आर.एल. माथुर, श्रीमती माया माथुर, प्रभात माथुर, डॉ. रंजीता माथुर, दिनेश शर्मा, कुणाल माथुर, अनय माथुर, एस.वी. राजकुमार माथुर परिवार एवं ग्रामवासियों का विशेष सहयोग रहा।
अध्यक्ष सुरेश चंद्र भूतड़ा ने बताया कि नौतपा की भीषण गर्मी में पशु-पक्षियों एवं गोवंश के लिए जल उपलब्ध कराना अत्यंत आवश्यक है। वर्तमान में ग्रामीण क्षेत्रों में भीषण जल संकट बना हुआ है तथा कई स्थानों पर प्राकृतिक जल स्रोत पूरी तरह सूख चुके हैं। ऐसे समय में जीवों के लिए पानी की व्यवस्था करना मानवता एवं पर्यावरण संरक्षण की दिशा में महत्वपूर्ण सेवा है।
सचिव राजेंद्र कुमार मंत्री ने बताया कि परिषद द्वारा मई माह में अब तक 50 टैंकर पानी विभिन्न गांवों में डलवाया जा चुका है तथा जून माह में भी यह सेवा अभियान निरंतर जारी रहेगा। उन्होंने इन कार्यों में दिनेश शर्मा एवं हरि माहेश्वरी के विशेष योगदान की सराहना की। पर्यावरण संयोजक नीरज मूंदड़ा ने कहा कि ग्रामवासियों ने परिषद के इस जनहितकारी एवं पर्यावरण संरक्षण के कार्य की भूरि-भूरि प्रशंसा की।




