राखी पुरोहित. जोधपुर
सिंधी समाज की आस्था और गुरु भक्ति का प्रतीक माने जाने वाले स्वामी टेऊराम महाराज का चौथ महोत्सव चौपासनी रोड, ज्वाला विहार,झूलेलाल मार्ग के सामने आस्था के पावन केंद्र नवनिर्मित श्री प्रेम प्रकाश आश्रम में हर्षोउल्लास और धूमधाम के साथ जोधपुर में पहली बार मनाया गया।
युगपुरुष आचार्य सतगुरु स्वामी टेंऊराम महाराज का 84 वां चौथ महोत्सव (मासिक जन्म दिवस) देश विदेश में यह हर महीने चाँद के चौथे दिन साई टेऊँराम महाराज की चौथ धूमधाम से मनाई जाती है। शनिवार शाम 5 बजे महिला मंडल द्वारा सामूहिक चालीसा और जन्म सखी पाठ किया गया।
इसके बाद श्री प्रेम प्रकाश आश्रम जोधपुरके संत जीतू राम द्वारा आचार्य सतगुरु स्वामी टेंऊराम महाराज द्वारा रचित ग्रंथ ब्रह्म दर्शनी का पाठ हुआ।
संत ने सतगुरु स्वामी टेंऊराम महाराज की महिमा का गुणगान करते हुए बताया कि जिस प्रकार रामायण का अंश सुंदरकांड है उसी प्रकार ब्रह्मदर्शनी प्रेम प्रकाश ग्रंथ साहिब का भाग है । इसका ब्रह्मदर्शनी का पाठ करने से हृदय में शांति का अनुभव होता है और मन में आए गलत विचारों का अंत होता है। ब्रह्मदर्शनी में आदि से अंत का समावेश है।
प्रेम प्रकाश संप्रदायाचार्य सतगुरु स्वामी टेऊराम महाराज के उत्तराधिकारी स्वामी भगत प्रकाश महाराज देशभर में सत्संग और जनकल्याण के कार्य कर रहे हैं। उनके सान्निध्य में राजस्थान (जैसे जयपुर, टोंक,और जोधपुर) में नियमित रूप से विशाल सत्संग, वर्सी महोत्सव और अन्नदान सेवा जैसे आयोजन होते हैं। आज के कार्यक्रम में नरेश संत लालानी भगत,सोनू राम मंडली जोधपुर ,भगत वासुदेव जयपुर द्वारा साई की महिमा के भजन हीन गुरु जे दर तो को भागन वारो…. मुहिंजो वेठो आहे साई मुखे परवा नाहे काही मुंजो नग आ गुरु ते…. संत कँवर राम साहिब का कलाम नाले अलख जे भेरो तार मुहिंजो…. आहिया निडर निमाणी आधार तुहिंजो…. कलाम गाया। अंत मे आरती व पल्लव की रस्म के साथ कार्यक्रम का समापन किया गया। महाप्रसादी का आयोजन किया गया।






