Explore

Search

Sunday, April 19, 2026, 4:31 am

Sunday, April 19, 2026, 4:31 am

LATEST NEWS
Lifestyle

महादेव के आंगन में मायरा… 11 कन्याओं की मेहंदी-हल्दी की रस्म, लेडीज संगीत-नृत्य पर झूमी महिलाएं, उपहार देकर लाडकोड से दी विदाई

माताजी भक्ति सागर ग्रुप ने कन्याओं को जरूरत की सामग्री उपहार में देकर दांपत्य जीवन की दी शुभकामनाएं
अब तक 194 कन्याओं का शगुन कार्यक्रम हुआ आयोजित और 70 प्रसूताओं को जापा सामग्री वितरित की जा चुकी है

जबरेश्वर महादेव मंदिर से राखी पुरोहित की लाइव रिपोर्ट 

अल्ला रंग दे मेरा पल्ला रंग दे…मेहंदी राचण लागी हाथों में बनडे रे नाम री…थारों बीरो सा म्हारी नथली रो चोर…खुशी-खुशी कर दो विदा…जैसे गीतों पर बुधवार शाम जबरेश्वर महादेव के आंगन में 11 जरूरतमंद कन्याओं का मायरा और शगुन का कार्यक्रम चल रहा था। मंदिर के प्रांगण में शाम को विशेष रौनक थी। मंदिर के बार इंद्रदेव मेहरबान थे और मेघ बरस रहे थे तो इधर स्नेह की बरसात हो रही थी। माताजी भक्ति सागर ग्रुप द्वारा यहां पर कन्याओं का मायरा भरने का कार्यक्रम आयोजित किया गया था।

गौरतलब है कि माताजी भक्ति सागर ग्रुप 13 साल से समाजसेवा के क्षेत्र में कार्य कर रहा है। समाजसेवा के क्षेत्र में यह ग्रुप अपनी विशिष्ट पहचान बना चुका है और इस ग्रुप से 200 से अधिक महिला सदस्य जुड़े हुए हैं। अब तक ग्रुप द्वारा 194 कन्याओं का शगुन कार्यक्रम आयोजित किया जा चुका है। यही नहीं ग्रुप द्वारा जरूरतमंद प्रसूताओं को जापा सामग्री भी उपलब्ध करवाई जाती है और अब तक 70 प्रसूताओं को जापा सामग्री उपलब्ध करवाई जा चुकी है।

चुनरी ओढ़ाई तो कन्याओं को अपनी मां जैसे ममत्व और अपनत्व का अहसास हुआ

ये 11 कन्याएं ममत्व की मारी थी। मंदिर के प्रांगण में मौजूद माताजी भक्ति सागर की महिलाओं में प्रेम का सागर उमड़ पड़ा। हर महिला एक पैरेंट्स की भूमिका में थी। महिलाओं ने मिलकर अपना बड़प्पन और ममत्व दिखाया और कन्याओं के सिर पर चुनरी ओढ़ाई। इस बीच गीत बजते रहे और ढोल-ढमाकों के बीच नाच-गान भी चलता रहा। कार्यक्रम के आरंभ में पंडित बृजमोहन बोहरा के सान्निध्य में सहयोग की रस्म अदा हुई।

माताजी भक्ति सागर ग्रुप कन्याओं के संग…समाज में सर्वहारा वर्ग का बना सहारा : संतोष प्रेम राठी

ग्रुप की प्रमुख संरक्षक संतोष-प्रेम राठी ने बताया कि इस ग्रुप से जुड़े दौ से ज्यादा अनमोल रत्नों व दानदाताओं के सहयोग से आयोजित इस कार्यक्रम में कन्याओं व परिजनों का गाजे-बाजे के साथ तिलक लगाकर स्वागत-सत्कार किया गया। महिला संगीत के साथ मांगलिक गीतों पर नृत्य किया गया और विवाह संबंधी सभी रस्में निभाते हुए उन्हें दाम्पत्य जीवन यापन योग्य जरूरतमंद व घरेलू सामान के साथ उपहार भेंट किए गए तथा लाडकोड के साथ भावभीनी विदाई दी गई। उन्होंने बताया कि ग्रुप कन्याओं के संग है। समाज में सर्वहारा वर्ग का सहारा बनने का प्रयास किया जा रहा है। ऐसी जरूरतमंद कन्याओं की तलाश कर हम समय-समय पर शगुन कार्यक्रम आयोजित करते हैं। साथ ही प्रसूताओं को जापा सामग्री भी देते हैं। ऐसा प्रयास दानताओं के सहयोग से किया जाता है।

13 साल की साधना-सेवा का परिणाम…194 कन्याओं का मायरा भर चुके

ग्रुप की अध्यक्ष मीना परिहार ने बताया कि गत 13 वर्षों से यह ग्रुप सेवा कार्य कर रहा है। सबसे पहले 108 शगुन कार्यक्रम का बीड़ा उठाया। यह लक्ष्य पुरा होने पर दुबारा 108 का बीड़ा उठाते हुए अब तक 194 शगुन कार्यक्रम आयोजित किए जा चुके हैं और जरुरतमंद 70 प्रसूताओं को जापा की सामग्री दी जा चुकी है। यह लक्ष्य पूरा होने पर भी सेवा कार्य निरंतर जारी रहेगा।

किसी का रहा सहयोग तो किसी ने मौजूद रहकर भागीदारी निभाई

इस दौरान गीता माछर, कलावती मानधना, सुमन मानधना, लता व्यास, कृष्णा गहलोत, सरला सोनी, मुन्नी भाटी, मीना जांगिड़, अलका चांडक, आशा चांडक, इंद्रा सोनी, शोभा जोशी, शांता शर्मा, मधु भंडारी, रीना बुग, शशि बुग, अन्नु बुग, शांता बुग, कांता मूंदड़ा, निशा पुंगलिया, सीता, किरण फोफलिया, उषा सोनी, सोनिया जांगिड़, वीणा सेन, गोपी धुत, ललिता वर्मा, मैंना लद्दड़, पूनम पोहानी, सुलेखा भंसाली, साधना मोहनोत, सुमित्रा लीला, प्रभा डागा, निशा शाह, ममता बाहेती, रानी पारवानी, प्रमिला फोफलिया, विधि जैन, विमल पित्ती, यशोदा देवड़ा, मीनाक्षी गौड, राखी पुरोहित, स्नेहलता करल, अनिता करल आदि ने सहभागिता निभाई। किसी ने कार्यक्रम में मौजूद रहकर सहयोग किया तो किसी ने अपनी ओर से सामग्री आदि भेजकर भागीदारी निभाई।

राइजिंग भास्कर संदेश : आपका प्रयास वंचित वर्ग की मुस्कान

माताजी भक्ति सागर जैसे ग्रुप जोधपुर की जरूरतमंद कन्याओं के चेहरे पर मुस्कान लाने का प्रयास करती है। ये कन्याएं ऐसे वर्ग से हैं जो समाज में वंचित वर्ग से हैं, उन्हें सहयोग स्वरूप ऐसे कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। राइजिंग भास्कर समाज को संदेश देता है कि ऐसे ग्रुप को प्रोत्साहित करे और सहयोग कर समाज में अपनी भागीदारी निभाएं। आप भी अगर किसी एनजीओ या ग्रुप का संचालन करते हैं और सामाजिक सरोकार निभाते हैं तो विशेष रिपोर्टिंग के लिए संपर्क कर सकते हैं। संपर्क- 9340931517

Dilip Purohit
Author: Dilip Purohit

Group Editor