शिव वर्मा. जोधपुर
आर्य समाज शास्त्रीनगर में 77वां गणतंत्र दिवस हर्षोल्लास के साथ तिरंगा फहराकर, राष्ट्रगान और वैदिक मंत्रोच्चारण के बीच मनाया गया। आर्य समाज की प्रधान अरुणा मोदी और संरक्षक जुगराज बालोत ने ध्वजारोहण किया और संविधान के महत्व को रेखांकित किया। साथ ही राष्ट्र की एकता व संप्रभुता के लिए योगदान देने का संकल्प लिया।
मंत्री सुधांशु टाक ने समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि आज हम 77वां गणतंत्र दिवस मना रहे हैं, जो 26 जनवरी, 1950 को हमारे संविधान को अपनाने का प्रतीक है। यह दिन इसलिए भी बहुत खास हो जाता है क्योंकि इस दिन ही हमने अंग्रेजों के नियम-कायदों से हटकर अपना अलग संविधान तैयार करने के बाद उसे लागू किया था। उन्होंने कहा कि हम सब मिलकर सशक्त भारत का निर्माण करने का संकल्प लेवें । साथ ही यह भी संकल्प लेवें कि हम सभी नागरिकों को संविधान के प्रति सजग करेंगे और सबको समान रूप से जीने का अवसर प्रदान करेंगे। हमें अपने सामाजिक मुद्दों जैसे गरीबी, बेरोजगारी, अशिक्षा, ग्लोबल वार्मिंग, असमानता आदि के बारे में जागरूक होना चाहिए ताकि आगे बढ़ने के लिए उन्हें हल किया जा सकें । इस दिन हमें सुभाषचंद्र बोस, चंद्रशेखर आजाद , भगत सिंह, श्याम कृष्ण वर्मा , रामप्रसाद बिस्मिल, डॉ. बीआर. अंबेडकर और महात्मा गांधी जैसे कई महान नेताओं की दूरदर्शिता और योगदान को याद करना चाहिए ।
इस अवसर पर मुकेश रावल, सुंदरदास वैष्णव, मुकेश सैन, प्रियांशु, कृष्णा रावल, जेनिसा सहित अनेक आर्यजन मौजूद थे ।







