रथयात्रा व सात दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा का शुभारंभ 16 जुलाई को
पंकज जांगिड़. जोधपुर
बनाड़ रोड, खोखरिया क्षेत्र के राम नगर स्थित श्री जगन्नाथ धाम मंदिर में रातानाडा क्षेत्र के श्री सिद्ध नागेश्वर महादेव मंदिर की पुजारी ललिता जोशी के नेतृत्व में रातानाडा क्षेत्र की 25 महिलाओं के समूह ने श्री जगन्नाथ भगवान के दर्शन कर 56 भोग व संकीर्तन का आयोजन किया। मंदिर सेवक पंडित सुनील महाराज द्वारा भगवान को भोग लगाकर आरती के पश्चात प्रसाद वितरण किया गया।
सुनील महाराज ने बताया कि भगवान जगन्नाथ अपनी बहन सुभद्रा और बड़े भाई बलभद्र (बलराम) के साथ दौरे पर निकलते हैं तो उससे ठीक 15 दिन पहले ज्येष्ठ पूर्णिमा के दिन 108 घड़ों के जल से इनको स्नान कराया जाता है। ज्यादा जल स्नान से बीमार पड़ जाते हैं।
इस 15 दिन की अवधि को अनासार कहते हैं। मंदिर के पट और आम भक्तों के लिए दर्शन बंद हो जाते हैं। जड़ी-बूटियों से बने काढ़े, फलों के रस और औषधियों का भोग लगाया जाता है। इसके बाद ठीक होते हैं। फिर नवयौवन दर्शन होते हैं, भव्य रथयात्रा निकलती है।
इस बार रथयात्रा 16 जुलाई को सुबह 9 बजे बनाड़ से पावटा तक निकाली जाएगी। बनाड़ से पावटा बी रोड स्थित मीरा बाग गार्डन तक 108 जोड़े भगवान जगन्नाथ का रथ खींचेंगे। इसके बाद मीरा बाग गार्डन में कथा व्यास पंडित सुनिल महाराज के श्रीमुख से सात दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा का आयोजन होगा। 23 जुलाई को सुबह 9 बजे रथयात्रा की जगन्नाथ मंदिर के लिए वापसी होगी। जगन्नाथ भक्त परिवार की ओर से प्रतिदिन भगवान के लिए भोग कथा पांडाल में ही पवित्र रसोई में निर्मित किए जाएंगे और मिट्टी के बर्तनों में 56 भोग लगाया जाएगा।




