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Sunday, October 18, 2026, 9:21 am

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Lifestyle

*आठ टर्नआउट बदले,130 किमी प्रति घंटे की रफ्तार का रास्ता हुआ मजबूत

लूनी-मारवाड़ जंक्शन रेल खंड पर रेलवे का बड़ा काम

दिलीप कुमार पुरोहित. जोधपुर 

9783414079 diliprakhai@gmail.com

उत्तर पश्चिम रेलवे के जोधपुर मंडल ने ट्रेनों की गति बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण तकनीकी उपलब्धि हासिल की है। मंडल के लूनी यार्ड में आधुनिक टी-28 मशीन की मदद से 8 टर्नआउट सफलतापूर्वक बदले गए हैं। इस कार्य के पूरा होने से लूनी-मारवाड़ जंक्शन रेलखंड पर ट्रैक आधुनिकीकरण का अहम चरण पूरा हो गया है।

मंडल रेल प्रबंधक अनुराग त्रिपाठी ने बताया कि अभियान के दौरान घुमावदार ट्रैक पर स्थित तकनीकी रूप से जटिल टर्नआउट भी बदले गए। ऐसे स्थानों पर काम करना सामान्य ट्रैक की तुलना में अधिक चुनौतीपूर्ण होता है,लेकिन रेलवे टीम ने पूरे अभियान को निर्धारित समय में सफलतापूर्वक पूरा किया।

इस कार्य के बाद लूनी-मारवाड़ जंक्शन रेलखंड की मुख्य लाइन पर लगे सभी टर्नआउट अब 60 किलोग्राम रेल सेक्शन के हो गए हैं। इससे ट्रैक की मजबूती और स्थायित्व बढ़ा है। साथ ही भविष्य में इस रेलखंड पर ट्रेनों की अधिकतम गति 130 किलोमीटर प्रति घंटे तक बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण प्रगति हुई है। हालांकि,गति बढ़ाने से पहले रेलवे को आवश्यक तकनीकी मानकों और सुरक्षा संबंधी सभी स्वीकृतियां प्राप्त करनी होंगी।

रेलवे के अनुसार इस अभियान में इंजीनियरिंग, सिग्नल एवं दूरसंचार और ऑपरेटिंग विभाग ने बेहतर समन्वय के साथ कार्य किया। सभी विभागों के तालमेल से बिना किसी बड़ी परिचालन बाधा के यह कार्य सफलतापूर्वक पूरा किया गया।

डीआरएम का कहना है कि ट्रैक के इस आधुनिकीकरण से रेल संचालन और अधिक सुरक्षित तथा सुचारु होगा। भविष्य में यात्रियों को तेज,सुरक्षित और अधिक आरामदायक रेल यात्रा का लाभ मिलने की उम्मीद है।

*क्या होता है टर्नआउट*

टर्नआउट रेलवे ट्रैक का वह विशेष हिस्सा होता है, जिसकी मदद से ट्रेन को एक पटरी से दूसरी पटरी पर ले जाया जाता है। इसे सामान्य भाषा में ‘पॉइंट्स’ भी कहा जाता है। रेलवे स्टेशन,यार्ड और लूप लाइन पर इसका उपयोग ट्रेनों का मार्ग बदलने के लिए किया जाता है। मजबूत 60 किलोग्राम रेल सेक्शन वाले टर्नआउट ट्रैक को अधिक मजबूत और सुरक्षित बनाते हैं तथा भविष्य में अधिक गति से ट्रेन संचालन का आधार तैयार करते हैं।

Dilip Purohit
Author: Dilip Purohit

Group Editor